how to forget past life? how to forget past experiences? how to forget anyone?

कभी कभी हमारे जीवन में, ऐसे इन्सान आ जाते, जो हमे धोखा दे जाते है. लेकिन हमारे मन से उनकी यादे जाती ही नही… ऐसे में हम क्या करे? एक तो हम उन्हें भूलने कि कोशिश करते, लेकिन क्या होता. जितना हम भूलने कि कोशिश करते, उतना वो याद आते. आज हम यंहा इसी पर चर्चा करेगे.

how to forget anyone?

क्या किसी व्यक्ति को भूलना इतना कठिन है? नही ये महज ये भ्रम है, वास्तव में इतना कठिन नही है. क्या आपको वो सारे दोस्त याद है, जिनसे आप बचपन से बात करते थे? नही होगे, ज्यादातर को तो आप अब जानते भी नही होगे. लेकिन क्यों कुछ लोग याद रह जाते? इसका कारण हमारे मन कि प्रोग्रामिंग है. मन, संस्कार कैसे काम करते पहले वो समजना है.

मन, एक उर्जा है. और संस्कार इम्प्रेशन है. अब कोई व्यक्ति के साथ, हमारी बोन्डिंग सही है. उसके साथ बार बार मिलना है. लेकिन एकदम कुछ ऐसा हो, जो वो छोड़ दे. तो वो इम्प्रेशन जल्दी जाता नही, बार बार उस सर्कल में आने कि हमारी आदत हो चुकी है. अब दूसरी तरफ मन क्या करता? उनके साथ कि वो फीलिंग उर्जा के रूप में हमारे मन में होती. वो उर्जा ही हमे दुःख देती है.

वास्तव में हम सोचते है, वो व्यक्ति हमे दुःख दे रहा. परन्तु ऐसा है नही, हम स्वयं अपनी उस फीलिंग के साथ जुड़े है. कुछ लोग तो इससे निकल जाते है. कुछ नही निकल पाते, वो ज्यादा सेंसटिव होते है. अब यंहा कारण हमे पता है. उसका सलूशन क्या है? सलूशन बहुत ही सिम्पल है. एक उनके साथ हमारा मोह था.

प्रेम और मोह में थोडा अंतर होता है. प्रेम आत्मिक होता है. मोह देहिक हो सकता है. अब देहिक आकर्षण से निकलना है. तो पहले दिल से उन्हें माफ़ कर देना चाहिए. जब माफ़ किया, तो भी उनकी याद आयेगी… क्योंकि इम्प्रेशन में वो है. माफ़ करने से मन का दर्द निकल जाता. कैसे निकल जाता? जब हम माफ़ करते, तो जो हर्ट कि उर्जा है, वो खत्म हो जाती है. जिससे मन हल्का होता.

ज्यादा देर तक हर्ट पकड़ना हमे अवसाद में ले जा सकता है. इसीलिए पहले दिल से माफ़ कर दे. अब इम्प्रेशन को हटाना है, तो उसका एक बेहतरीन तरीका है, एक कॉपी पेन ले, और जो जो घटना, या जो जो पल बिताये वो लिख दे. और उस कागज को जलाकर आ जाये. इससे मन बहुत हल्का हो जायेगा. ये काम करता है. क्योंकि इम्प्रेशन अवचेतन मन पर पढ़ते है.

इसके लिए एक संकल्प भी ले सकते है. “संकल्प करे अब वो और हम अलग है. अब दुबारा वो हमसे नही मिलेगा. हमारा उसके साथ हिसाब किताब पूरा हुआ” इससे इम्प्रेशन बनेगा, और अवचेतन को क्लियर संदेश मिलगा. साथ ही भूलने के लिए भी अवचेतन को एक संदेश दे देना.” में अपनी लाइफ में खुश हूँ” बस इसको बार बार रटना तो सबकुछ भूल जायेगा.

यंहा सबसे इम्पोर्टेड है, हर चीज़ से सिख लेना. और आगे अपना जीवन और बेहतर बनाने कि कोशिश करते रहना. सिख ही जीवन को अच्छा करती है. तो जरूरी है, हर चीज़ को समजकर उसको अभ्यास में लेकर आने कि.

ज्यादातर ऐसे केसेस प्रेमी जोड़ो के बीच इन दिनों देखने को आते है. जिस कारण कई जोड़े तो सफल रहते.. कुछ जोड़े असफल हो जाते है. उनको चाहिए वो ये सोचे, जीवन में और भी बहुत कुछ है. जिसमे उन्हें काफी कुछ करना है. इसीलिए जो होता है, अच्छा होता है. जो हो रहा, वो भी अच्छा है. इसी ख़ुशी के साथ आगे बढना चाहिए.

इसको एक खेल समजकर भूल जाये. अब एक खेल है, खेल में हार जीत होती है. ये मोह एक खेल का हिस्सा है. जिसमे ड्रामा चला हुआ है. इसमें चिंता आदि करने कि जरूरत नही है. उम्मीद है, ये लेख आपको थोड़ी हिम्मत अवश्य देगा. ज्यादातर उनको जो इस पीड़ा से गुजर रहे है. आपको इस लेख को पढने के लिए ढेर सारा धन्यवाद. आभार…

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